देहरादून: उत्तराखंड में बेरोजगार युवाओं के लिए आज का दिन काफी अहम था. दरअसल, राज्य में विभिन्न 30 पदों के लिए परीक्षा आयोजित की गई. लेकिन हैरत की बात यह है कि परीक्षा केंद्रों तक 10 हजार से ज्यादा अभ्यर्थी परीक्षा देने ही नहीं पहुंचे.
उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UKSSSC) ने आज रविवार 24 अगस्त को तमाम तैयारियों के बीच सहायक प्रयोगशाला और मशरूम पर्यवेक्षक वर्ग 3 के रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया संपन्न करवाई गई. इस दौरान राज्य भर में विभिन्न परीक्षा केंद्रों से किसी तरह की कोई शिकायत नहीं मिली. दरअसल, अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने परीक्षा को लेकर काफी सख्ती की थी और परीक्षा केंद्रों पर नकल रोकने के लिए अतिरिक्त व्यवस्था भी की थी. ऐसे में परीक्षा संपन्न होने के बाद उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने भी राहत की सांस ली है.
लेकिन परीक्षा केंद्रों से जो आंकड़े सामने आए हैं, वह हैरान करने वाले भी हैं. ऐसा इसलिए क्योंकि, इस परीक्षा के लिए 15887 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण करवाया था, जिसमें से केवल 4912 अभ्यर्थी ही लिखित परीक्षा में शामिल हुए हैं. इस तरह आंकड़ों के अनुसार 10 हजार 975 अभ्यर्थी परीक्षा देने के लिए परीक्षा केंद्रों पर पहुंचे ही नहीं. दूसरे रूप में कहे तो परीक्षा देने के लिए आने वाले अभ्यर्थियों का केवल 30.92 फीसदी ही आंकड़ा रहा. यानी करीब करीब 70 फीसदी युवा इस परीक्षा में शामिल होने के लिए आवेदन करने के बाद भी नहीं पहुंचे.
उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा 30 पदों के लिए यह भर्ती प्रक्रिया शुरू की गई थी. परीक्षा के दौरान पुलिस विभाग द्वारा तलाशी का काम किया गया और लिखित परीक्षा में सम्मिलित सभी अभ्यर्थियों की बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज की गई. इतना ही नहीं, परीक्षा केंद्रों पर जैमर भी लगाए गए थे. उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष जीएस मर्तोलिया ने कहा कि परीक्षा को सकुशल संपन्न करवाया गया है और इसमें आयोग की टीम के अलावा विभिन्न विभागों की बेहद अहम भूमिका रही है.