देहरादून, धीरज सजवाण: उत्तरकाशी के धराली में आपदा के युद्धस्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहा है. मौके पर राहत बचाव टीमें एक्शन में जुटी हैं. देहरादून और जिला प्रशासन की ओर से सड़क मार्ग से पहुंचने वाली मदद में अड़चनों का सामना करना पड़ रहा है. उत्तरकाशी से धराली तक कई जगहों पर सड़कें वॉशआउट हो गई हैं. जिसे देखते हुए प्लान B पर किया जा रहा है. प्लान बी तहत रेस्क्यू फोर्सेज को हवाई मार्ग से ग्राउंड जीरो तक पहुंचाया जा रहा है.
सड़क मार्ग को हुआ बड़ा नुकसान: उत्तरकाशी के धराली में आई भीषण त्रासदी को अब 24 घंटे से ज्यादा हो चुका हैं. वहीं, जिला मुख्यालय उत्तरकाशी से ओर जिले के अन्य इलाकों से रेस्क्यू फोर्स को घटनास्थल तक सड़क मार्ग से पहुंचना संभव नहीं हो पा रहा है. उत्तरकाशी जिला मुख्यालय से धराली तक कई जगहों पर मार्ग दिन तक बंद था, हालांकि भारी मशक्कत के बाद भटवाड़ी तक सड़क मार्ग खोल दिया गया है
भटवाड़ी और भटवाड़ी के बाद गंगनानी से पहले दो जगहों पर सड़क पूरी तरह से खत्म हो चुकी है. गंगनानी के बाद भागीरथी नदी पर बना एक पुल भी टूट गया है. यह सड़क कनेक्टिविटी के लिहाज से बड़ा नुकसान हुआ है. इस इलाके में सड़क मार्ग को दोबारा सुचारू करना एक बड़ा टास्क है. जिसमें कई दिन भी लग सकते हैं. इसके बाद भी इसे खोलने की कोशिशें की जा रही हैं.
रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए प्लान B: उत्तरकाशी के धराली में रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए सड़क मार्ग का इस्तेमाल अब दूर की कौड़ी है. इसके लिए अब प्लान बी पर काम शुरू कर दिया गया है. प्लान बी के तहत भटवाड़ी तक सभी राहत बचाव दलों को सड़क मार्ग से पहुंचाया जा रहा है. भटवाड़ी से सभी को एयरलिफ्ट करके इन्हें घटनास्थल तक पहुंचाया जा रहा है. कल घटना की जानकारी मिलते ही जिला प्रशासन और राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने रेस्क्यू फोर्सज का इस ओर भेजना शुरू किया. एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की कई टीमों को धराली घटनास्थल के लिए रवाना किया गया. राहत बचाव दलों को घटनास्थल तक पहुंचने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा.
उत्तरकाशी तक मार्ग कई जगह पर बंद थे, लेकिन यह सभी मार्ग ऊपर से मलबा आने की वजह से बंद थे. जिस वजह से भटवाड़ी तक सभी मार्ग खोले गए, लेकिन भटवाड़ी के आगे सड़कें वॉश आउट हुई हैं. जिस वजह से आप इन तमाम रेस्क्यू फोर्सज को भटवाड़ी से एयरलिफ्ट कर घटना स्थल तक भेजा जा रहा है. भटवाड़ी हेलीपैड से तमाम राहत बचत दलों को एयरलिफ्ट किया जा रहा है.
भटवाड़ी हेलीपैड पर ईटीवी भारत: भटवाड़ी हेलीपैड से ईटीवी भारत संवाददात धीरज सजवाण ने ग्राउंड रिपोर्ट की. उन्होंने लोगों से बात की. जिसमें उन्होंने बताया लंबे समय से सड़क बाधित होने की वजह से रेस्क्यू के लिए जा रही टीम को इंतजार करना पड़ रहा है. जिसके बाद उत्तराखंड सिविल एविएशन के हेलीकॉप्टरों के माध्यम से छोटी-छोटी शटल उड़कर अब इन्हें घटनास्थल तक पहुंचाया जा रही है. एनडीआरएफ के डिप्टी कमांडेड अश्विनी पुरोहित ने बताया एनडीआरएफ का मुख्य काम तब शुरू होता है जब वह घटनास्थल पर पहुंचती है. अभी तक टीमें घटनास्थल तक नहीं पहुंच पाई है.
हर्षिल वैली में जारी हाई फ्लाई: उत्तरकाशी के धराली घटनास्थल के संपर्क मार्ग बाधित होने की वजह से अब पूरा दारोमदार हवाई सेवा पर निर्भर है. रेस्क्यू ऑपरेशन में उत्तराखंड सिविल एविएशन डेवलपमेंट अथॉरिटी (UCADA) महत्वपूर्ण भूमिका है.
सड़क खोलने को लेकर के जिला प्रशासन ने दिन भर काफी मेहनत की. नुकसान ज्यादा होने की वजह से अब हेली सेवा ही एकमात्र साधन है. उन्होंने बताया मौसम खुलने के साथ ही सिविल एविएशन की छोटी फ्लाइट शुरू की गई.
आशीष चौहान, CEO सिविल एविएशन
सीईओ सिविल एविएशन आशीष चौहान ने बताया तकरीबन आधा दर्जन घायलों को हेलीकॉप्टर के माध्यम से निकाला गया है. सड़क बंद होने की वजह से जिला प्रशासन की टीम और एसडीआरएफ एनडीआरएफ की टीम फंसी हुई थी. उन्हें भी हेलीकॉप्टरों से घटनास्थल तक पहुंचाया जा रहा है.